ज्येष्ठ पूर्णिमा पर जनसंदेश जागरूकता सेवा समिति ने कराया विशाल भंडारा, श्रद्धालुओं को वितरित किया पूड़ी-सब्जी व शर्बत

संवाददाता : मनोज कुमार
जसवंतनगर (इटावा)। ज्येष्ठ पूर्णिमा के पावन अवसर पर जनसंदेश जागरूकता सेवा समिति द्वारा अपने पंजीकृत कार्यालय, जैन मंदिर रोड, लुधपुरा, जसवंतनगर में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। इस अवसर पर क्षेत्रवासियों, राहगीरों, महिलाओं, बच्चों एवं श्रद्धालुओं को श्रद्धापूर्वक पूड़ी-सब्जी का प्रसाद वितरित किया गया। भीषण गर्मी को देखते हुए लोगों को शीतल शर्बत भी पिलाया गया, जिससे सेवा, सद्भाव एवं मानवता का संदेश प्रसारित हुआ।
भंडारे में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं एवं स्थानीय नागरिकों ने प्रसाद ग्रहण किया। समिति के स्वयंसेवकों ने पूरे आयोजन को सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया तथा सभी आगंतुकों का आत्मीय स्वागत करते हुए भोजन एवं शर्बत वितरित किया। आयोजन का उद्देश्य भारतीय संस्कृति में सेवा, सहयोग, सामाजिक समरसता एवं जनकल्याण की भावना को और अधिक सुदृढ़ करना रहा।

मुख्य अतिथि इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड के सहायक महाप्रबंधक अनुरोध सिंह ने कहा कि भारतीय संस्कृति में सेवा और परोपकार का विशेष महत्व है। ज्येष्ठ पूर्णिमा जैसे पावन अवसर पर आयोजित इस प्रकार के सेवा कार्य समाज में सहयोग, सद्भाव और मानवीय मूल्यों को मजबूत करने के साथ-साथ युवाओं को भी समाजसेवा के लिए प्रेरित करते हैं।
समिति के राष्ट्रीय समन्वयक आकाश कुमार ने कहा कि संस्था का उद्देश्य केवल सामाजिक कार्यक्रम आयोजित करना नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग तक सेवा पहुँचाना है। भोजन एवं शर्बत वितरण जैसे सेवा कार्य समाज में संवेदनशीलता, आपसी भाईचारे और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को बढ़ावा देते हैं। उन्होंने बताया कि समिति भविष्य में भी शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण एवं जनकल्याण से जुड़े सेवा कार्य निरंतर संचालित करती रहेगी।
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सोनी सिंह ने कहा कि जरूरतमंदों की सेवा करना ही सबसे बड़ा धर्म है। यदि प्रत्येक व्यक्ति अपनी क्षमता के अनुसार समाज के लिए योगदान दे, तो अनेक सामाजिक समस्याओं का समाधान स्वतः संभव हो सकता है। संस्था का यह सेवा अभियान समाज में सकारात्मक संदेश देने का कार्य कर रहा है।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय सचिव बबलू, पारस राजौरिया, पवन व्यास, प्रिंस आनंद, गौरव, प्रियांशी, बादल कुमार, आरना, सुभाषिनी सिंह, विवेक, विकास सहित समिति के अनेक पदाधिकारी, स्वयंसेवक एवं क्षेत्रवासी उपस्थित रहे। सभी ने भंडारे को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग प्रदान किया।
कार्यक्रम के अंत में समिति की ओर से सभी अतिथियों, सहयोगकर्ताओं एवं उपस्थित नागरिकों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। स्थानीय लोगों ने इस सेवा कार्य की सराहना करते हुए इसे सामाजिक एकता, मानवीय संवेदनाओं एवं जनसेवा की दिशा में प्रेरणादायी पहल बताया।




