
संवाददाता : मनोज कुमार
इटावा/लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधान परिषद में नियम-110 के अंतर्गत सैफई स्थित उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय (UPUMS) की खरीद प्रक्रिया से जुड़ा एक मामला उठाया गया। समाजवादी पार्टी के विधान परिषद सदस्य मुकुल यादव एवं मो. जासमीर अंसारी द्वारा प्रमुख सचिव को दिए गए सूचना पत्र के माध्यम से विश्वविद्यालय में फर्नीचर तथा फायर सेफ्टी उपकरणों की खरीद प्रक्रिया की जांच की मांग की गई है।
सूचना पत्र के अनुसार, विश्वविद्यालय में फर्नीचर एवं अग्निशमन से संबंधित उपकरणों की खरीद में वित्तीय अनियमितताओं की आशंका व्यक्त की गई है। इसमें आरोप लगाया गया है कि उपयोग योग्य फर्नीचर को कबाड़ घोषित कर नए फर्नीचर की खरीद की गई, जबकि कई भवनों में पहले से उपलब्ध फायर सेफ्टी उपकरणों के बावजूद नए उपकरण लगाए गए। साथ ही खरीद में बाजार मूल्य से अधिक दरें अपनाए जाने का भी उल्लेख किया गया है।
विधान परिषद सदस्यों ने खरीद की आवश्यकता, निविदा प्रक्रिया, मूल्य निर्धारण, गुणवत्ता परीक्षण, भुगतान एवं संबंधित अधिकारियों की भूमिका की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। इसके अतिरिक्त दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों एवं संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई किए जाने तथा सरकार से सदन में इस विषय पर विस्तृत वक्तव्य देने का भी अनुरोध किया गया है।
सूचना पत्र पर 4 अगस्त 2026 की तिथि अंकित है तथा इसे नियम-110 के अंतर्गत स्वीकार किए जाने का अनुरोध किया गया है।
फिलहाल इस मामले में उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय (UPUMS) अथवा राज्य सरकार की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सार्वजनिक नहीं हुई है। जांच अथवा संबंधित प्राधिकरण के आधिकारिक निष्कर्ष आने के बाद ही आरोपों की पुष्टि हो सकेगी।




